ऋतुओं की रानी ,है ये वर्षा रानी
है
सबको प्यारी ,ये है ऋतु निराली
देती
खुशियाँ सबकों ये प्यारी -प्यारी
इसी
लिए है ये सबको दुलारी
ऋतुओं
की रानी ,कहते हैं इसे वर्षा रानी
आया
है सावन ,छाए हैं बादल
लाए
है बरखा ,ये श्यामल बादल ।।
नाचे
मयूरा,झूमे है जग पूरा
छाई
हरियाली ,आई खुशहाली
झूमा
जग समूचा , यही है सावन की बेला
बोले
पपीहा ,करे है अपील ये
जमकर
बरसना ,मिटाना तुम तृष्णा।।
आया है सावन ,लाया बहार
छाई है हरियाली ,बारिश की फुहार
पड़ गए हैं झूले ,नाचे हैं मोर
झमाझम बरसे ये बादल घनघोर ।।
सावन का मास ,देता प्यार का पैगाम
भाई-बहन का प्यार ,दिखता है राखी में नाम
भाए मेहंदी का रंग ,हरियाली तीज के संग
खुशियों का पैगाम ,आया सावन का नाम ।।