हम अपने तन और मन को कैसे स्वस्थ रख सकते हैं?
“स्वस्थ तन में ही स्वस्थ मन का वास होता है ”-यह सच है यदि मनुष्य शारीरिक रूप से स्वस्थ्य होता है तो वह मानसिक रूप से भी स्वस्थ होता है ।यदि कोई व्यक्ति बीमार है तो उसका मन भी कहीं नहीं लगता ,उसका मन विचलित ही रहता है । आज के समय में मनुष्य को शारीरिक तथा मानसिक दोनों रूपों से स्वस्थ्य होना अति आवश्यक है । मानसिक रूप से बीमार व्यक्ति कुछ ऐसे कदम उठा लेता है जो उसके जीवन के लिए हानिकारक सिद्ध होता है । मानसिक रूप से बीमार व्यक्ति तनाव की समस्या से जूझता है ।मानव को सिर्फ शारीरिक रूप से स्वस्थ्य रहने की आवश्यकता नहीं है उसे मानसिक रूप से भी स्वस्थ्य रहना अतिआवश्यक है ।
मनुष्य को शारीरिक रूप से स्वस्थ्य रहने के लिए निम्नलिखित उपाय करने चाहिए :-
पौष्टिक भोजन खाना - अपने शरीर को हष्टपुष्ट और तंदुरुस्त रखने के लिए हमें पौष्टिक भोजन का सेवन करना चाहिए । उचित भोज्य पदार्थों का सेवन करना चाहिए । जंक फूड का सेवन नहीं करना चाहिए ।
निरन्तर व्यायाम करना - अपने शरीर को ताकत प्रदान करने के लिए हमें निरन्तर व्यायाम करना चाहिए ।व्यायाम करने से हमारा वजन नहीं बढ़ता ,हमें मोटापा नहीं होता ,माँसपेशियाँ मज़बूत होती हैं ।व्यायाम करने से हमें आलस्य महसूस नहीं होता।हमारा शरीर तरोताज़ा महसूस करता है ।
भोजन में विटामिन सी (C) ,विटामिन डी(D) व जिंक का प्रयोग करना - विटामिन सी हमारे शरीर में रोगों से लड़ने की क्षमता का विकास करती है ।यह हमारी प्रतिरोधक क्षमता का विकास करती है और हमें रोगों से लड़ने में सहायता करती है ।हमें अधिक से अधिक मात्रा में इसका सेवन करना चाहिए ।विटामिन सी मुख्य रूप से आँवला, नींबू और अभी खट्टी वस्तुओं में पाया जाता है ।विटामिन सी से साथ -साथ विटामिन डी भी हमारे शरीर के लिए बहुत आवश्यक है ।यह हमारी हड्डियों को मजबूत करती है ।सुबह की धूप हमारे शरीर में विटामिन डी के निर्माण में सहायक सिद्ध होती है ।जिंक हमारी प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है ।हमें इन सभी पोषक तत्वों का उचित मात्रा में प्रयोग करना चाहिए ।
स्वच्छता का ध्यान रखना -हमें अपने शरीर और अपने आस-पास की सफाई जा भी ध्यान रखना अति आवश्यक है ।शरीर की सफाई के लिए प्रतिदिन स्नान करना ,समय -समय पर हाथ धोना ,भोजन करने से पहले और खाना खाने के बाद हाथों को साबुन से धोना बहुत जरूरी है । अपने शरीर की सफाई के साथ -साथ अपने आसपास को भी साफ़-सुथरा रखना आवश्यक है ।
मनुष्य को मानसिक रूप से स्वस्थ्य रहने के लिए भी कुछ बातों को ध्यान में रखना अतिआवश्यक है ,जो इस प्रकार हैं -
क) सकारात्मक सोच रखना -हमें अपने मन को स्वस्थ्य रखने के लिए सकारात्मक सोच और रवैया रखना बहुत जरूरी है । हमें प्रत्येक परिस्थिति का सकारात्मक पक्ष देखना चाहिए । नकारात्मकता से दूर रहना चाहिए ।
ख) योग करना -जब मनुष्य के जीवन में कुछ दुख व तकलीफ आती हैं तो वह विचलित हो जाता है ।उसे कोई भी रास्ता दिखाई नहीं देता ।ऐसे समय में मनुष्य को अपना मन शांत रखने की आवश्यकता होती है ।मन को शांत करने के लिए योग आसन करने चाहिए ।योग करने से मन शांत होता है और नकारात्मक ऊर्जा का नाश होता है ।
ग) कोई रचनात्मक कार्य करना - यदि कोई व्यक्ति तनाव में हो और उसे कोई रास्ता समझ नहीं आ रहा हो तब उसे अपने आपको ऐसे कार्यों में व्यस्त रखना चाहिए जो उसे करने पसंन्द हों ,जैसे उपन्यास पढ़ना,बागवानी करना ,चित्र बनाने ,कहानी या कवियाएँ लिखना आदि ।जब मनुष्य व्यस्त रहता है तब उसे व्यर्थ की बातें सोचने का समय नहीं मिलता ।
घ) विश्वास रखना - बुरे समय में हमें यह विश्वास रखना चाहिए कि यदि अच्छा समय नहीं रहा ,तो बुरा समय भी नहीं रहेगा ।समय परिवर्तन संसार का नियम है ।यदि हमारे लिए एक रास्ता बंद हो गया है तो कोई न कोई दूसरा रास्ता अवश्य खुला होगा ।हमें अपने ऊपर और अपने ईष्ट पर विश्वास रखना चाहिए ।
हमें सकारात्मक रहना चाहिए ,इसी से हम अपने मन और तन दोनों को स्वथ्य रख सकते हैं ।
धन्यवाद !

Nice article
जवाब देंहटाएंThank you
जवाब देंहटाएंGood article....nd need to follow in current situation.
जवाब देंहटाएंVery good and useful information
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